कला और संगीत से सजा दिव्यांग दिवस

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अष्टावक्र इंस्टीट्यूट ऑफ रिहैबिलिटेशन साइंसेज़ एंड रिसर्च द्वारा विश्व दिव्यांग दिवस 2025 का आयोजन बड़े उत्साह, गरिमा और सामाजिक जागरूकता के साथ किया गया। इस कार्यक्रम में टेक्निया इंस्टिट्यूट ऑफ आर्ट एंड डिज़ाइन, टेक्निया इंस्टिट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज़ एवं टेक्निया इंस्टिट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज़ CDL का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ हुई, जिसने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक और प्रेरणादायी बना दिया।

मुख्य वक्ताओं में डॉ. राम कैलाश गुप्ता, श्री राजेश कुमार गुप्ता, प्रो. राम नारायण पटेल, टेक्निया ग्रुप के डायरेक्टर जनरल श्री अजय राठौर एवं अष्टावक्र की डिप्टी डायरेक्टर सुश्री संजना मित्तल शामिल रहे। सभी वक्ताओं ने दिव्यांगजनों के अधिकार, शिक्षा, आत्मनिर्भरता, कला, संगीत और समावेशन की महत्ता पर प्रकाश डाला तथा समान अवसरों की आवश्यकता पर बल दिया।

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को और भी विशेष बना दिया। टेक्निया के छात्रों द्वारा तबला-बांसुरी युगल वादन और अष्टावक्र के विशेष छात्रों की “बुम बुम बोले” प्रस्तुति ने सभी का मन जीत लिया। इस अवसर पर अष्टावक्र संस्थान को दिव्यांगजनों के उत्थान में उत्कृष्ट योगदान के लिए “अष्टावक्र रत्न पुरस्कार” से भी सम्मानित किया गया।

वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के राष्ट्रीय उपलक्ष्य में सामूहिक वंदे मातरम् पाठ द्वारा राष्ट्रभक्ति, एकता और मानवीय मूल्यों का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में दिल्ली फायर सर्विस के पूर्व प्रमुख, समाजसेवी, पत्रकार, खिलाड़ी और युवा नेतृत्व की गरिमामयी उपस्थिति रही। यह आयोजन दिव्यांगजनों के सम्मान, अधिकार, सशक्तिकरण और समावेशी समाज के निर्माण का सशक्त संदेश देकर सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

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