ट्रंप के टैरिफ प्रस्ताव के बीच मजबूत हुआ रुपया, डॉलर पर 21 पैसे की बढ़त
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump के 15% टैरिफ प्रस्ताव और Supreme Court of the United States के फैसले से पैदा हुई वैश्विक अनिश्चितता के बावजूद भारतीय रुपये ने मजबूती दिखाई है।
रुपये में 21 पैसे की तेजी
सोमवार को अंतर-बैंक विदेशी मुद्रा बाजार में रुपया 21 पैसे मजबूत होकर डॉलर के मुकाबले 90.73 पर पहुंच गया। इससे पहले शुक्रवार को यह 90.94 पर बंद हुआ था।
डॉलर इंडेक्स 0.33% गिरकर 97.47 पर आने से भी रुपये को सहारा मिला।
शेयर बाजार से मिला सपोर्ट
घरेलू शेयर बाजार में भी सकारात्मक रुख देखने को मिला:
BSE Sensex 621.78 अंक चढ़कर 83,436.49 पर पहुंचा।
Nifty 50 180.05 अंक बढ़कर 25,751.30 पर कारोबार करता दिखा।
शेयर बाजार में तेजी से निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ, जिसका असर रुपये पर भी पड़ा।
कच्चे तेल में गिरावट
अंतरराष्ट्रीय मानक Brent Crude 1.09% गिरकर 70.98 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।
तेल की कीमतों में गिरावट भारत जैसे आयातक देश के लिए राहत भरी खबर होती है, जिससे चालू खाते का दबाव कम होता है और रुपया मजबूत होता है।
रिकॉर्ड स्तर पर विदेशी मुद्रा भंडार
Reserve Bank of India (RBI) के अनुसार, 13 फरवरी को समाप्त सप्ताह में भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 8.663 अरब डॉलर बढ़कर 725.727 अरब डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया।
मजबूत फॉरेक्स रिजर्व रुपये को स्थिरता देने और वैश्विक झटकों से बचाने में मदद करता है।
- वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच भी
- डॉलर की कमजोरी
- कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
- शेयर बाजार में तेजी
- और मजबूत विदेशी मुद्रा भंडार
- ने मिलकर रुपये को मजबूती दी है।







