अप्रैल 2026 विवाह मुहूर्त: खरमास समाप्त, शुभ कार्यों की शुरुआत
14 अप्रैल 2026 को मेष संक्रांति के साथ खरमास (मीन मास) समाप्त हो गया है। पिछले एक महीने से रुके हुए सभी मांगलिक कार्य अब दोबारा शुरू हो रहे हैं। हालांकि, खरमास खत्म होने के तुरंत बाद पंचक के कारण लगभग 5 दिनों तक शुभ कार्यों पर फिर से विराम रहेगा।
कब से शुरू होंगे विवाह मुहूर्त?
• विवाह के लिए पहला शुभ मुहूर्त: 19 अप्रैल 2026
• इस दिन अक्षय तृतीया भी है, जिसे अबूझ मुहूर्त माना जाता है
यानी इस दिन बिना पंचांग देखे भी विवाह किया जा सकता है
अप्रैल 2026 के विवाह मुहूर्त
19, 20, 21, 25, 26, 27, 28 और 29 अप्रैल
मई–जून में विवाह कब?
मई 2026
1, 3, 5, 6, 7, 8, 13, 14 मई
→ इस दौरान विवाह और अन्य मांगलिक कार्य नहीं होंगे
जून 2026 (अधिक मास के बाद)
21, 22, 23, 24, 25, 26, 27, 29 जून
जुलाई से नवंबर तक स्थिति
• जुलाई में कुछ ही मुहूर्त:
1, 6, 7, 11 जुलाई
• 25 जुलाई से चातुर्मास शुरू
→ 20 नवंबर तक विवाह वर्जित रहेंगे
नवंबर–दिसंबर 2026 विवाह मुहूर्त
नवंबर
21, 24, 25, 26 नवंबर
दिसंबर
2, 3, 4, 5, 6, 11, 12 दिसंबर
महत्वपूर्ण ज्योतिषीय बातें
• खरमास में शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं
• सूर्य के मेष राशि में प्रवेश के साथ शुभ कार्य शुरू होते हैं
• गुरु और शुक्र की अनुकूल स्थिति विवाह के लिए शुभ मानी जाती है
• चातुर्मास (देवशयनी एकादशी से देवउठनी एकादशी तक) में विवाह नहीं होते
अबूझ मुहूर्त क्या है?
कुछ तिथियां ऐसी होती हैं जब बिना विशेष मुहूर्त देखे भी विवाह किए जा सकते हैं:
• अक्षय तृतीया
• बसंत पंचमी
• देवउठनी एकादशी
अप्रैल से जुलाई 2026 के बीच विवाह के लिए अच्छा समय रहेगा, खासकर 19 अप्रैल (अक्षय तृतीया) से शुरुआत के साथ। हालांकि मई–जून में अधिक मास और जुलाई के बाद चातुर्मास के कारण लंबे अंतराल आएंगे, इसलिए इस अवधि में विवाह की योजना पहले से बनाना बेहतर रहेगा।







