16 जनवरी को शिव पूजा का अद्भुत महासंयोग, इन उपायों से हर संकट होंगे दूर
Pradosh Vrat and Masik Shivratri 2026:
16 जनवरी 2026 का दिन शिव भक्तों के लिए बेहद खास माना जा रहा है। इस दिन शुक्र प्रदोष व्रत और माघ मासिक शिवरात्रि का दुर्लभ संयोग बन रहा है। शास्त्रों के अनुसार जब प्रदोष व्रत और शिवरात्रि एक ही दिन पड़ते हैं, तो उस दिन की गई शिव साधना कई गुना फलदायी होती है। इस महासंयोग में की गई पूजा से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और जीवन के कष्ट दूर करते हैं।
क्यों खास है प्रदोष व्रत और मासिक शिवरात्रि का संयोग?
प्रदोष व्रत सूर्यास्त के बाद किया जाता है, जब भगवान शिव कैलाश पर्वत पर नृत्य करते हैं।
मासिक शिवरात्रि रात्रि के समय शिव उपासना के लिए सर्वोत्तम मानी जाती है।
दोनों व्रत एक ही दिन होने से दिन और रात दोनों समय शिव कृपा प्राप्त होती है।
इसे “शिव कृपा का महासंयोग” कहा जाता है।
16 जनवरी को करें ये खास उपाय, दूर होंगे हर प्रकार के संकट
धन संबंधी समस्याओं के लिए उपाय
अगर आप आर्थिक तंगी, कर्ज या धन रुकावट से परेशान हैं, तो इस दिन:
शिवलिंग पर गन्ने का रस अर्पित करें
साथ में “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का 108 बार जाप करें
मान्यता: इससे धन आगमन के मार्ग खुलते हैं और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है।
संतान सुख के लिए विशेष उपाय
संतान प्राप्ति या संतान से जुड़ी परेशानियों के लिए:
शिवलिंग का शहद से अभिषेक करें
शहद का संबंध गुरु ग्रह (बृहस्पति) से माना जाता है
फल: गुरु ग्रह मजबूत होता है और संतान सुख की प्राप्ति होती है।
शत्रु बाधा और कानूनी मामलों में विजय के लिए
यदि आप शत्रुओं, कोर्ट-कचहरी या विवादों से परेशान हैं:
धतूरे के पत्ते या फल को धोकर शिवलिंग पर अर्पित करें
दूध, गंगाजल और अक्षत भी चढ़ाएं
मंत्र जप करें – “ॐ नमः शिवाय”
मान्यता: इससे शत्रु शांत होते हैं और कानूनी मामलों में सफलता मिलती है।
कुंडली दोष और आर्थिक संकट दूर करने का उपाय
माघ माह में तिल का विशेष महत्व होता है:
गंगाजल में काले तिल मिलाकर शिवलिंग का अभिषेक करें
यह उपाय पितृ दोष, ग्रह दोष और आर्थिक संकट को शांत करता है।
शीघ्र विवाह के लिए अचूक उपाय
अगर विवाह में देरी या रुकावट आ रही है:
मासिक शिवरात्रि के दिन शिव-पार्वती की मूर्ति या तस्वीर लें
दोनों पर 7 बार मौली (कलावा) एक साथ लपेटें
मन में विवाह की कामना करें
फल: विवाह से जुड़ी बाधाएं दूर होती हैं और अच्छे रिश्ते आते हैं।
पूजा का सही समय और नियम
प्रदोष पूजा: सूर्यास्त के बाद
शिवरात्रि पूजा: रात्रि में
सफेद वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है
व्रत रखने से फल और भी बढ़ जाता है
निष्कर्ष
16 जनवरी का यह दिन भगवान शिव की विशेष कृपा पाने का दुर्लभ अवसर है। इस दिन श्रद्धा और नियम से की गई पूजा धन, संतान, विवाह, स्वास्थ्य और शत्रु बाधा से जुड़ी समस्याओं को दूर कर सकती है। शिव भक्तों के लिए यह दिन जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाला साबित हो सकता है।







